14.7.14

बच्चों और बूढों को ब्राह्मी और शंख पुष्पी का शरबत दें.//Brahmi and Shankpushpi punch to give children and old.

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शंख पुष्पी और ब्राह्मी आयुर्वेद में ऐसी दो जड़ी बूटिया हैं जो मस्तिष्क बहुत ताकतवर  बनाती है| इन दोनों जड़ी बूटियों में ऐसे तत्त्व  मौजूद  हैं  जो मस्तिष्क के अंदर  तक अपना असर डालते हैं| यही कारण है कि ये जड़ी बूटियाँ  न केवल स्मरण शक्ति  बढाती हैं  बल्कि व्यक्ति को मानसिक रूप से बलवान भी बनाती हैं| न केवल भारत अपितु सारे विश्व में इनके ऊपर अनुसंधान कार्य चल रहे हैं \ऐसा माना जा रहा है कि ये जड़ी-बूटियाँ अल्जाईमर्स,डिमेंशिया, और पार्किन्सन  जैसी बीमारियों को ठीक करने  में उपयोगी होंगी| यह इसलिए कि इनमें दिमाग को ठीक करने की ताकत है| भारत में मेधा शक्ति बढाने के लिए इन जड़ी बूटियाँ का प्राचीन काल से उपयोग होता आया है| इससे नींद अच्छी  आती है| मस्तिष्क में ताजगी लाती है| मस्तिष्क का तनाव कम करती हैं|


ये दोनों जड़ी - बूटियाँ खोई हुई स्मरण शक्ति वापस  लौटाने  की ताकत रखती हैं| ब्राह्मी और शंख पुष्पी का सेवन भी बहुत आसान है|

     बच्चों की मेमोरी  पावर बढाने के लिए  सोते वक्त एक गिलास गरम दूध में एक चम्मच ब्राह्मी  का चूर्ण  मिलाकर लेना कर्त्तव्य है|  कुछ ही महीनों में इसका असर दिखने लगेगा| ऐसे लोग जिन्हें अनिद्रा रोग है| नींद कम लेने से शरीर में कई तरह के विकार पैदा हो जाते हैं|  ऐसी स्थिति से निपटने के लिए रोज रात को सोते वक्त गरम दूध में एक चम्मच ब्राह्मी का चूर्ण मिलाकर  पीया जाए तो बहुत लाभ होगा \ इसे और अधिक स्वादिष्ट और गुणकारी बनाने के लिए  रात को ७ नग बादाम के गला दें |सुबह ब्राह्मी या शंख पुष्पी के दूध में मिले  मिश्रण को छानकर  उसमें बादाम और ५ नाग काली मिर्च पीसकर मिला दें  इसमें मिश्री भी अंदाजन मिला दें|  दवा तैयार है |  यह एक खुराक है | >यह स्मरण शक्ति बढाने का बेहतरीन  नुस्खा है\  कुछ दिन तक नियमित लेते रहें|

     ब्राह्मी और शंख पुष्पी मिर्गी रोग में काफी लाभ दायक साबित होती है| ये जड़ी बूटियाँ  मस्तिष्क में विद्युत  प्रस्फुरण को कम करती है| इससे मिर्गी के दौरों की आवृती  कम हो जाती है और बीमार को शान्ति मिलती है| 
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